‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ मॉडल पर होंगे आगामी स्थानीय चुनाव; OBC आयोग की सिफारिशें मंजूर, SC-ST-OBC सीटों के आरक्षण की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी

जयपुर। राजस्थान सरकार ने आगामी पंचायती राज संस्थाओं और नगरीय निकायों के चुनाव एक साथ कराने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई मंत्रिमंडल और मंत्रिपरिषद की बैठक में ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ व्यवस्था के तहत दोनों स्तर के स्थानीय चुनाव साथ कराने के निर्णय को मंजूरी दी गई।

बैठक के बाद उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा, संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल और उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी। सरकार के अनुसार, पंचायत और नगरीय निकाय चुनाव अलग-अलग समय पर होने से प्रशासनिक संसाधनों का बार-बार उपयोग होता है। इसी आधार पर दोनों चुनाव एक साझा चुनावी ढांचे में कराने का निर्णय लिया गया है।

OBC आयोग की सिफारिशें स्वीकार

कैबिनेट ने राजस्थान राज्य अन्य पिछड़ा वर्ग (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग की सिफारिशों को भी स्वीकार कर लिया है। आयोग ने अपनी सिफारिशें 5 अगस्त 2026 को राज्य सरकार को सौंपी थीं। सरकार के मुताबिक, इससे नगरीय निकाय और पंचायती राज कानूनों में OBC आरक्षण से संबंधित प्रावधानों को आगे बढ़ाने का रास्ता साफ हुआ है।

संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने बताया कि आवश्यक कानूनी प्रावधानों के बाद SC, ST और OBC वर्गों के लिए आरक्षित सीटों का निर्धारण लॉटरी प्रक्रिया से किया जाएगा। इसलिए अभी किसी विशेष वार्ड, पंचायत या निकाय की सीट का आरक्षण तय नहीं माना जाएगा।

विज्ञापन

चुनाव की अंतिम तारीखों का इंतजार

राज्य निर्वाचन आयोग पंचायत और नगरीय निकाय चुनाव-2026 से संबंधित तैयारियों के लिए कई आदेश और दिशा-निर्देश जारी कर चुका है। आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर मतदाता सूची, EVM, मतदान केंद्र और चुनाव प्रबंधन से जुड़े आदेश उपलब्ध हैं। हालांकि, उपलब्ध आधिकारिक चुनाव पेजों में मतदान और मतगणना का पूरा अंतिम कार्यक्रम अभी अलग से स्पष्ट नहीं दिखता। यह उपलब्ध आधिकारिक रिकॉर्ड के आधार पर निष्कर्ष है।

ऐसे में कैबिनेट के फैसले को मतदान कार्यक्रम की घोषणा नहीं माना जाना चाहिए। नामांकन, मतदान, मतगणना और अन्य चुनावी तारीखें राज्य निर्वाचन आयोग की औपचारिक अधिसूचना से स्पष्ट होंगी।

कृषि और फूड पार्क नीतियों को भी मंजूरी

इसी कैबिनेट बैठक में राजस्थान कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण नीति-2026 और राजस्थान फूड पार्क विकास नीति-2026 को भी मंजूरी दी गई। सरकार ने इन नीतियों के माध्यम से कृषि प्रसंस्करण, कोल्ड स्टोरेज, सप्लाई चेन और फूड पार्क से जुड़े निवेश को बढ़ावा देने की योजना बताई है।

कैबिनेट ने श्रम सुधारों, कर्मचारियों के बीमा लाभ और ‘ट्रीज आउटसाइड फॉरेस्ट’ नीति से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी दी।

प्रभारी मंत्री करेंगे जिलों का दौरा

मंत्रिपरिषद की बैठक में मानसून से जुड़ी परिस्थितियों की भी समीक्षा की गई। उपमुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा के अनुसार, प्रभारी मंत्रियों को अपने-अपने जिलों में बिजली, पेयजल, सड़क, चिकित्सा और आपदा प्रबंधन से जुड़ी व्यवस्थाओं का जायजा लेने को कहा गया है।